֍:किसान और सरकार के बीच बैठक §ֆ:इस बातचीत के दौरान केंद्र सरकार की तरफ से कृषि मंत्री अर्जुन मुंडा, वाणिज्य और उद्योग मंत्री पीयूष गोयल, गृह राज्य मंत्री नित्यानंद राय शामिल होंगे. इससे पहले मंगलवार को दिल्ली में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह के आवास पर कृषि मंत्री मुंडा समेत अन्य केंद्रीय मंत्रियों ने बैठक की और किसानों से सुलह के फॉर्मूले पर चर्चा की. यह भी समझा गया कि कैसे बातचीत का क्रम आगे बढ़ाया जाए? उसके बाद यह तय हुआ कि किसानों से तीसरे राउंड की बातचीत की जाएगी. किसानों को मनाने की कोशिश की जाएगी. सरकार ने किसानों की 10 मांगें मान ली हैं. तीन मांगों पर बात अटकी है.
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§֍:क्या निकलेगा बातचीत से नतीजा?§ֆ:सरकार की तरफ से कहा जा रहा है कि बातचीत के जरिए ही मसले का हल निकालेंगे. सरकार का ये भी कहना है कि 13 में से 10 मांगें स्वीकार कर ली गई हैं. तीन मांगों को मानने के लिए कुछ समय चाहिए. इन तीनों को लेकर ही पेंच फंसा है और सरकार के लिए दुविधा है. चूंकि सभी राज्यों से बात करनी होती है. सरकार जरूर चाहती है कि इन मांगों पर आगे बढ़ा जाए, लेकिन समय की सीमा है, किस तरह से मांगों को पूरा किया जाए, इसके लिए सरकार को समझने के लिए वक्त की जरूरत है. इन मसले की बागडोर राजनाथ सिंह ने भी अपने हाथ में ली है. सिंह बीजेपी के बड़े चेहरे हैं और गृह से लेकर कृषि मंत्री तक रह चुके हैं. उन्होंने भी बुधवार को अर्जुन मुंडा के साथ कुछ सुझाव शेयर किए हैं. तीसरे राउंड की बैठक में इन सुझाव पर भी बात हो सकती है. बातचीत में बीच का रास्ता निकालने की कोशिश की जाएगी.§पंजाब के हजारों किसान लगातार तीसरे दिन हरियाणा की सीमाओं पर डटे हैं और दिल्ली आने पर अड़े हैं. शंभू बॉर्डर पर विरोध-प्रदर्शन का आज तीसरा दिन है. बुधवार को दिनभर किसानों ने पंजाब-हरियाणा की सीमाओं पर बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिशें कीं. सुरक्षाबलों ने किसानों को रोकने की पुख्ता तैयारी की है. रबर बुलेट से फायरिंग से लेकर आंसू गैस के गोले दागे जा रहे हैं और ड्रोन से भी अटैक कर प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा जा रहा है. इस बीच, किसान नेताओं ने केंद्र सरकार से बातचीत के प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है. आज गुरुवार शाम 5 बजे चंडीगढ़ में तीसरे राउंड की बातचीत होगी.
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#WATCH | Commuters face delays and traffic jams entering into Delhi due to protestors; visuals from GT Karnal Road pic.twitter.com/hunVr7ARyv
— ANI (@ANI) February 15, 2024
§֍:क्या निकलेगा बातचीत से नतीजा?§ֆ:सरकार की तरफ से कहा जा रहा है कि बातचीत के जरिए ही मसले का हल निकालेंगे. सरकार का ये भी कहना है कि 13 में से 10 मांगें स्वीकार कर ली गई हैं. तीन मांगों को मानने के लिए कुछ समय चाहिए. इन तीनों को लेकर ही पेंच फंसा है और सरकार के लिए दुविधा है. चूंकि सभी राज्यों से बात करनी होती है. सरकार जरूर चाहती है कि इन मांगों पर आगे बढ़ा जाए, लेकिन समय की सीमा है, किस तरह से मांगों को पूरा किया जाए, इसके लिए सरकार को समझने के लिए वक्त की जरूरत है. इन मसले की बागडोर राजनाथ सिंह ने भी अपने हाथ में ली है. सिंह बीजेपी के बड़े चेहरे हैं और गृह से लेकर कृषि मंत्री तक रह चुके हैं. उन्होंने भी बुधवार को अर्जुन मुंडा के साथ कुछ सुझाव शेयर किए हैं. तीसरे राउंड की बैठक में इन सुझाव पर भी बात हो सकती है. बातचीत में बीच का रास्ता निकालने की कोशिश की जाएगी.§पंजाब के हजारों किसान लगातार तीसरे दिन हरियाणा की सीमाओं पर डटे हैं और दिल्ली आने पर अड़े हैं. शंभू बॉर्डर पर विरोध-प्रदर्शन का आज तीसरा दिन है. बुधवार को दिनभर किसानों ने पंजाब-हरियाणा की सीमाओं पर बैरिकेड्स तोड़ने की कोशिशें कीं. सुरक्षाबलों ने किसानों को रोकने की पुख्ता तैयारी की है. रबर बुलेट से फायरिंग से लेकर आंसू गैस के गोले दागे जा रहे हैं और ड्रोन से भी अटैक कर प्रदर्शनकारियों को खदेड़ा जा रहा है. इस बीच, किसान नेताओं ने केंद्र सरकार से बातचीत के प्रस्ताव को स्वीकार कर लिया है. आज गुरुवार शाम 5 बजे चंडीगढ़ में तीसरे राउंड की बातचीत होगी.

