֍:हो सकता है तार डैमेज§ֆ:
रोपवे के जीएम शंभू चौधरी का कहना है कि रोपवे के टॉवर पर तार को सुरक्षित रखने के लिए लोगों को अवेयर किया जा रहा है। जहां-जहां रोपवे का टॉवर बना है। वहां पर तार फैलाने का कार्य शुरू हो गया है। इस तार में चायनीज मांझा को न फंसाएं। इससे दुर्घटना हो सकती है। कैंट से लेकर गोदौलिया तक टॉवर बनाए गए हैं।
§֍:15 टॉवर स्टाल§ֆ:रोपवे के 18 में से 15 टॉवर इंस्टॉल हो चुके हैं। प्रत्येक टॉवर पर पांच तरह का रोप लगाने का काम शुरू हो चुका है। सबसे पहले एक मिलीमीटर (मोटी) फाइबर रोप को ड्रोन से पुल करेंगे, यह काफी पतली होगी। रोप को नियंत्रित करने के लिए भारत माता मंदिर रोपवे स्टेशन के सामने 70 मीटर लंबा प्लेटफार्म बनाया जाएगा। करीब 20 दिन में यह प्रक्रिया पूर्ण करने की जाएगी।§ֆ:§֍:20 दिसंबर तक ट्रायल का प्रयास§ֆ:20 दिसंबर तक ट्रायल रन का भी प्रयास है। अब तक 96 मोनोकेबल डेटाकेबल गोंडोला (केबल कार) आ चुके हैं। इनके बिछाने का कार्य शुरू हो चुका है। 52 गोंडोला अगले माह तक आ जाएंगे। तीनों स्टेशनों पर 14 एलिवेटर (लिफ्ट) और 13 एस्केलेटर (स्वचालित सीढ़ी) लगाने का काम जल्द ही शुरू होगा। इसके अलावा तीन टिकट काउंटर और पांच वेडिंग मशीनें लगाने के लिए स्टेशनों के अंदर जगह भी चिह्नित कर ली गई है। विभाग की तरफ से किराया भी निर्धारित हो चुका है। प्रस्तावित दरें अनुमोदित करने के लिए फाइल राजमार्ग और सड़क परिवहन मंत्रालय को भेजी गई है।§֍:गिरिजाघर स्टेशन का 20 परसेंट कार्य पूरा§ֆ:दूसरे चरण में गिरजाघर स्टेशन का कार्य 20 परसेंट हो चुका है। फाउंडेशन तैयार हो चुका है, लेकिन गोदौलिया स्टेशन को आगे शिफ्ट करने का प्रयास अंतिम दौर में है। वैसे कई विकल्पों पर बात हो रही है, लेकिन दशाश्वमेध प्लाजा के सामने स्टेशन बनाने पर मंथन चल रहा है। कब तक रोपवे रनिंग में आएगा। यह अभी तय नहीं किया गया है। अभी कार्य को पूर्ण करने में सभी लोग लगे हैं।
§देश की पहली अर्बन ट्रांसपोर्ट रोपवे परियोजना का काम वाराणसी जोर-शोर से हो रहा है। हालांकि, बीच-बीच में कुछ ब्याधियां भी आ रही हैं। रोपवे के टॉवर पर तार बिछाने का कार्य शुरू हो गया है। तार सेफ रहे। इसके लिए रोपवे विभाग के अधिकारियों ने कैंट से लेकर गोदौलिया तक करीब 8 किलोमीटर एरिया को नो काइट जोन बनाया है। इसके लिए रोपवे का वाहन लगातार सिटी में चक्रमण कर पतंग उड़ाने वाले लोगों को अवेयर कर रहा है कि रोपवे के तार में किसी भी प्रकार का मांझा न फंसे। नहीं तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। लाउडस्पीकर से इस घोषणा को सुनने के लिए गांधी नगर में लोगों की भीड़ भी लग गई।

