֍:दिल्ली की हवा हुई दूषित §ֆ:सेलिब्रेशन के दूसरे दिन सबसे ज्यादा प्रभावित क्षेत्रों में उत्तरी दिल्ली का अशोक विहार रहा, जहां पीएम10 का लेवल रात 11 बजे 1951 µg/m³ तक पहुंच गया और पीएम2.5 का स्तर 1487 µg/m³ दर्ज किया गया. मसलन, 100 µg/m³ और 60 µg/m³ तक को सुरक्षित माना जाता है, और फिलहाल दिल्ली में इसका लेवल कई गुना ज्यादा है.§֍:आरके पुरम और अन्य इलाके में प्रदूषण का हाल§ֆ:आरके पुरम में भी बड़ी बढ़ोतरी देखी गई, जहां पीएम2.5 का लेवल मानक सीमा से 9 गुणा ज्यादा हो गया. वहीं, लाजपत नगर में पीएम2.5 का स्तर 604 µg/m³ तक पहुंच गया, जो कि सुरक्षित माने जाने वाले स्तर से 10 गुणा ज्यादा है. आनंद विहार में अक्सर प्रदूषण का लेवल ज्यादा होता है, और यहां भी पीएम2.5 और पीएम10 का लेवल सामान्य से 10 गुना ज्यादा दर्ज किया गया.
§֍:अलग-अलग तारीख पर मनाई गई दिवाली§ֆ:दिवाली की अलग-अलग तारीखों पर उत्सव मनाए जाने की वजह से कुछ लोगों ने 31 अक्टूबर और कुछ लोगों ने 1 नवंबर को जश्न मनाया है. ऐसे में प्रदूषण लेवल में और भी बढ़ोतरी देखने को मिल सकती है. हालांकि, दिल्ली में अच्छी रफ्तार से चल रही हवा की वजह से कई इलाके में प्रदूषण लेवल कम भी रहे हैं.§दिल्ली में दिवाली के बाद प्रदूषण के स्तर में काफी बढ़ोतरी देखी गई. बड़े स्तर पर हुई आतिशबाजी की वजह से राजधानी में दिवाली के बाद दूसरे दिन भी प्रदूषण खतरनाक श्रेणी में रहा. अशोक विहार और आरके पुरम इलाके बुरी तरह प्रभावित रहे. अशोक विहार में पीएम2.5 का लेवल 1450 के पार पहुंच गया, जो स्वास्थ्य के लिए बहुत नुकसानदेह हैं.

