֍:किसानों को नहीं मिल रहा सही दाम§ֆ:बांगलादेश सरकार के इस फैसले से किसान पैसों को लेकर बाजार में जूझ रहा है. संतरे की खेती करने वाले किसानों ने सरकार से मांग की है कि बांगलादेश से समझौता कर जल्द से जल्द इस मामले को सुलझाने का काम कर रहीं हैं. ऐसे में किसानों को संतरे के दाम में कमी देखने पर मार्केट पर भी इसका प्रभाव दिखा है. §֍:इस वजह से किसान हैं परेशान§ֆ:मीडिया रिपोर्टस के मुताबिक बांगलादेश और भारत के बीच बीच कुछ खटास के चलते ऐसा हुआ है. इसी वजह से संतरे पर आयात शुल्क 88 से 101 टका कर दिया है, जो कि भारतीय करेंसी में 71 रुपये है. यह बढ़ोतरी बांगलादेश पिछले 5 साल से कर रहा है. किसानों का कहना है कि इस स्थिति में महाराष्ट्र, राजस्थान जैसे राज्यों में अब संतरे को सस्ते रेट पर बेचा जाएगा. इससे किसानों को भारी नुकसान का सामना करना पड़ेगा.§देशभर में महाराष्ट्र के अमरावती में उगाए गए संतरों को पसंद किया जाता आ रहा है. इस संतरे का निर्यात भारत में नहीं बल्कि दूसरे देशों में भी होता है. ऐसे में बांगलादेश सरकार ने संतरे पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ा दी है. इसको लेकर महाराष्ट्र के किसानों में परेशानी देखने को मिल रही है. बता दें कि बांगलादेश संतरे की सबसे बड़ा बाजार है और यहां अधिकतम नागपुरी संतरा भारत से निर्यात किया जाता है. अब बांगलादेश ने निर्यात पर इंपोर्ट ड्यूटी बढ़ाकर किसानों को परेशानी दे दी है.

