ֆ:जहां अधिकांश भारतीय प्रतिनिधि कॉफी बीन्स के प्रदर्शन पर केंद्रित थे, वहीं Agsure Innovations ने AI-आधारित ‘कॉफी बीन एनालाइज़र’ प्रस्तुत कर सबका ध्यान आकर्षित किया। यह उपकरण कॉफी बीन्स की गुणवत्ता जांच और दोष पहचान के लिए एक अत्याधुनिक तकनीक है, जो कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI) और मशीन लर्निंग एल्गोरिद्म पर आधारित है।§ֆ:इस स्मार्ट डिवाइस की खासियत यह है कि यह नमी, रंग और दोषों की गणना जैसे मापदंडों पर बीन्स की गुणवत्ता का मूल्यांकन करता है और वास्तविक समय में व्यापारियों और उत्पादकों को निर्णय लेने में मदद करता है। इस तकनीक को युगांडा, इंडोनेशिया, इटली, तुर्की, मध्य पूर्व और दक्षिण अमेरिका जैसे कॉफी उत्पादक देशों से जबरदस्त सराहना मिली।§ֆ:Agsure के संस्थापक अभिनव महाजन ने बताया, “कॉफी बोर्ड ऑफ इंडिया के तहत भारतीय प्रतिनिधिमंडल का हिस्सा बनना हमारे लिए गर्व का क्षण था। हमें वैश्विक कॉफी उत्पादकों से बेहतरीन प्रतिक्रिया मिली और अब हम कई देशों में अपने उपकरण और मोबाइल ईआरपी प्लेटफॉर्म ‘Agreap’ को लागू करने की दिशा में चर्चा कर रहे हैं।”§ֆ:टीम ने अपने अन्य नवाचार ‘Agreap’ का भी प्रदर्शन किया — यह एक मोबाइल पॉकेट-ERP है जो कृषि वस्तुओं के व्यापार को डिजिटल रूप से सरल बनाता है। यह किसानों और व्यापारियों के लिए इन्वेंट्री, खरीद और भुगतान ट्रैकिंग जैसे कार्यों को मोबाइल पर सुलभ बनाता है। इसकी मोबाइल-प्रथम तकनीक और स्केलेबिलिटी की खूब प्रशंसा हुई।§ֆ:PAU के डॉ. एम.एस. भुल्लर (निदेशक, विस्तार शिक्षा), डॉ. टी.एस. रियार (प्रमुख अन्वेषक, PABI), और डॉ. पूनम सचदेव (सह-अन्वेषक, PABI) ने स्टार्टअप की सराहना करते हुए कहा, “नवाचार केवल तकनीक नहीं, बल्कि बाजार की आवश्यकताओं से जुड़ा समाधान भी है। Agsure का ‘कॉफी बीन एनालाइज़र’ निर्यातकों और उत्पादकों दोनों की समस्याओं का समाधान करता है और वैश्विक कॉफी मूल्य श्रृंखला में भारत के योगदान को बढ़ाता है।”§ֆ:Agsure Innovations की यह उपलब्धि न केवल पंजाब बल्कि पूरे भारत के लिए गौरव का विषय है, जिसने तकनीकी नवाचारों के माध्यम से भारतीय कृषि स्टार्टअप्स को वैश्विक मंच पर नई पहचान दिलाई है।§पंजाब एग्रीकल्चरल यूनिवर्सिटी (PAU) के पंजाब एग्री बिजनेस इनक्यूबेटर (PABI) द्वारा समर्थित स्टार्टअप Agsure Innovations Pvt. Ltd. ने Coffex Istanbul 2025 में भारत का प्रतिनिधित्व कर अंतरराष्ट्रीय मंच पर देश की तकनीकी क्षमता का लोहा मनवाया। यह कार्यक्रम 9 से 11 मई 2025 के बीच तुर्किये (इस्तांबुल) में आयोजित हुआ था।

