֍:कितनी जगह खाली?
§ֆ:अप्रैल-अक्टूबर तक 2,684 समर्पित रेक मूवमेंट के माध्यम से 95.16 एलएमटी धान और गेहूं ट्रांसपोर्ट किया जा चुका है, जिसकी वजह से पंजाब में एक्ट्रा स्टोनरेज कैपिसिटी खाली हुई है. पंजाब में धान की खरीद, प्रबंधन और भंडारण जैसे मुद्दों को लेकर केंद्रीय मंत्री ने भारतीय खाद्य निगम (एफसीआई) के अधिकारियों के साथ एक हाई लेवल मीटिंग की. बैठक में पंजाब एफसीआई के महाप्रबंधक बी श्रीनिवासन भी मौजूद थे. §֍:44 हजार करोड़ आवंटित§ֆ:केंद्रीय मंत्री ने कहा कि इस बार जरूरत पड़ने पर गेहूं की जगह धान के भंडारण की अनुमति दी गई है. पहले धान और गेहूं की भंडारण क्षमता का आवंटन अलग-अलग होता था. किसानों को उपज का वाजिब और समय पर मेहनताना देने के लिए एमएसपी भुगतान के लिए 44,000 करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं. इसी के चलते पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने रविवार को स्थानीय अनाज मंडी के दौरे पर पहुंच गए. मंत्री ने संबंधित अधिकारियों को धान की खरीद और उठान समय पर करने के निर्देश दिए और तय समय पर किसानों को भुगतान करने के लिए भी कहा. साथ ही मंत्री ने यह भी कहा कि राज्य सरकार ने जीएसटी विभाग को निर्देश दिए हैं कि किसी न किसी बहाने व्यापारियों को परेशान न किया जाए.§पंजाब में खरीफ फसलों की खरीज जारी है. किसान धान की खरीद में धीमी गति से नराज नजर आ रहे हैं. ऐसे में केंद्रीय रेल एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योग राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू ने इस पर स्पहष्टीलकरण दिया है. रवनीत सिंह बिट्टू ने रविवार को कहा कि पंजाब के (अनाज) खाद्यान्न परिवहन के लिए किए ठोस कदम उठाए गए है, जिसके बाद 24 अक्टूबर तक 95 लाख मीट्रिक टन (एलएमटी) अनाज उठाया जा चुका है. वहीं अब अगर कहीं जरूरत पड़ी तो गेहूं की जगह धान का भंडारण किया जा सकेगा.

