• About
  • Advertise
  • Privacy & Policy
  • Contact
Fasal Kranti Agriculture News
Advertisement
  • Home
  • कृषि समाचार
  • समाचार
  • ब्रेकिंग न्यूज़
  • सफ़लता की कहानी
  • साक्षात्कार
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • खेल
  • अन्य
  • Login
No Result
View All Result
  • Home
  • कृषि समाचार
  • समाचार
  • ब्रेकिंग न्यूज़
  • सफ़लता की कहानी
  • साक्षात्कार
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • खेल
  • अन्य
No Result
View All Result
Fasal Kranti Agriculture News
No Result
View All Result
Home ब्रेकिंग न्यूज़

एक तानाशाही फैसला और बदल गई बांग्लादेश की तस्वीर! देश छोड़ भारत आई शेख हसीना

Fiza by Fiza
August 6, 2024
in ब्रेकिंग न्यूज़
0
एक तानाशाही फैसला और बदल गई बांग्लादेश की तस्वीर! देश छोड़ भारत आई शेख हसीना
0
SHARES
0
VIEWS
Share on FacebookShare on Twitter
֍:बांग्लादेश में क्यों बिगड़े हालात ?
§ֆ:बांग्लादेश की प्रधानमंत्री शेख हसीने ने पिछले महीने आरक्षण हटाने का फैसला किया था. जिसके बाद छात्रों ने सड़कों पर उतरकर देश की सरकार के खिलाफ शांतिपूर्ण प्रदर्शन की शुरुआत की. लेकिन, दिन-बे-दिन यह प्रदर्शन हिंसक रूप लेता गया. पहले बांग्लादेश की हसीना सरकार ने प्रदर्शनकारी छात्रों पर पुलिसबल, आसूं गैस के गोले, और रबर बुलेट का इस्तेमाल किया. जिसमें अब तक कई छात्र अपनी जान भी गवां चुकें हैं. लेकिन जब प्रदर्शनकारी छात्रों पर सरकार और सेना का बल प्रयोग बढ़ता गया तो हालात बेकाबू होते नजर आए. धीरे- धीरे देश की स्थिती प्रधानमंत्री शेख हसीने के हाथों से निकल गई. प्रदर्शनकारियों ने हिंसा का रूप अपनाया तो दिक्कत और परेशानी का सामना वहां रह रहे अल्पसंख्यक हिंदू को भी उठाना पड़ा. अल्पसंख्यों के घरों में पत्थरबाजी, हिंसा करते उपद्रवियों ने पूरे बांग्लादेश पर अपना कब्जा कर लिया है. चारों ओर से भयावय तस्वीरें सामने आ रही है. तो यह था वो कारण जिसने बांग्लादेश में हिंसा की आग फैलाई.

At least 135 killed in Monday unrest in Bangladesh, situation remains tense

Read @ANI Story | https://t.co/hZvZTGpANU #Bangladesh #PoliceFirings #SheikhHasina #Dhaka #BangladeshProtest pic.twitter.com/PQOknqdZjM

— ANI Digital (@ani_digital) August 6, 2024


§֍:भारत में मिली शेख हसीना को पनाह §ֆ:सोमवार दोपहर 2:30 बजे ढाका में प्रधानमंत्री आवास से ही सेना के हेलिकॉप्टर में बैठकर शेख हसीना को बांग्लादेश छोड़ना पड़ता है. प्रधानमंत्री का पद छोड़ने के साथ देश छोड़ती शेख हसीना ने ऐसा क्या किया कि जिस बांगलादेश को बनाने में एक लड़ाई शेख हसीना के पिता मुजीबुर्रहमान ने लड़ी, उसी देश में उनकी बेटी के सत्ता में रहते लिए गए कुछ फैसलों से तानाशाही की बू आने पर जनता बागी हो गई. जनता ने कॉक्स बाजार की सरकारी इमारत की दीवार पर उकेरी गई मुजीबुर्रहमान की तस्वीर को जेसीबी की मदद से खोखला करके गुस्सा जताया.

With Rafales in air, all radars active, Indian security agencies ensured safety of Hasina's jet

Read @ANI Story | https://t.co/eGd9dW48mq#SheikhHasina #India #Bangladesh pic.twitter.com/R7fBOeAj91

— ANI Digital (@ani_digital) August 5, 2024


§֍:जनता ने तोड़ी मुजीबुर्रहमान की मूर्ति§ֆ:शेख मुजीबुर्रहमान, 1971 में जिन्होंने बांग्लादेश को आजादी की सांस दिलाई, बांग्लादेश के लोगों ने जिन्हें राष्ट्रपिता की पदवी दी, 5 दशक के भीतर वो मोहब्बत इतनी नफरत में बदल जाती है कि ढाका में बांग्लादेश के लोग ही मुजीबुर्रहमान की मूर्ति पर चढ़कर उसे हथौड़े से तोड़ने लगते हैं. सवाल यह है कि क्या बंग बंधु कहे गए बांग्लादेश के संस्थापक मुजीबुर्रहमान की मूर्ति को खंड-खंड करने की वजह उन्हीं की बेटी शेख हसीना हैं, जिन्हें बांग्लादेश में लोकतंत्र की ‘लौह महिला’ कहा गया?

जो कौमें अपने राष्ट्र पिता और नायकों का अपमान करती है, तो उनका पतन निश्चित है।

शेख मुजीब बांग्लादेश के जनक और आजादी की लड़ाई के महान नायक थे। बांग्लादेशियों को नहीं भूलना चाहिए कि पाकिस्तान उनके साथ किस तरह गुलाम की माफिक बरताव करता था। खौफनाक जुल्म ढाए जाते थे। अत्याचार की तब… pic.twitter.com/aj0V7P8mPU

— Brajesh Misra (@brajeshlive) August 6, 2024


§֍:क्या सत्ता अब सेना के हवाले?§ֆ:शेख हसीना के देश छोड़ने का लाइव कवरेज देखते हुए जवानों ने शेख हसीना की तस्वीर को सेंटर से हटाना शुरू कर दिया और बताना शुरू कर दिया कि बांग्लादेश में एक हसीना थी… बांग्लादेश में मुख्य विपक्षी पार्टी की मुखिया खालिदा जिया ने भी लोगों से अपील की है कि शांति रखें. सेना भी लोगों को शांत रहने को कह रही है. इस बीच आज शाम को ही बांग्लादेश में भीड़ ने कोमिला से अवामी लीग के सांसद बहाउद्दीन बहार के घर पर तोड़फोड़ की और आग लगा दी. बहाउद्दीन बहार के अलावा कई और सांसदों के घरों को भी निशाना बनाया गया है.

बांग्लादेश की राजधानी ढाका में अभी-अभी इस्कॉन मंदिर पर हमला करके उसे जला दिया गया

आपको ये जानकर आश्चर्य और दुख होगा कि जब बांग्लादेश नया-नया बना था तब ढाका के इसी इस्कॉन मंदिर ने 6 महीने तक 2 लाख से ज्यादा लोगों को प्रतिदिन खाना खिलाया था pic.twitter.com/ZoTW1R3bRT

— ????????Jitendra pratap singh???????? (@jpsin1) August 5, 2024

§֍:पीएम हाउस के बिस्तर पर लेटे प्रदर्शनकारी§ֆ:

प्रधानमंत्री के घर से सब कुछ उठा ले गए क्या?

ये सब गजब लुटेरे निकले ???? pic.twitter.com/fvuOa7DXbh

— Govind Pratap Singh | GPS (@govindprataps12) August 5, 2024



पीएम आवास जिसे बांग्लादेश में गण भवन कहा जाता है. वहां लोगों को घुसने से रोकने वाला कोई नहीं दिख रहा है. पीएम आवास के भीतर लोग जमकर तोड़फोड़ करते दिख रहे हैं. वीडियो में एक ऐसा शख्स दिख रहा है जो ढाका में पीएम आवास के भीतर बेड पर लेटकर ही खुश है. ये वीडियो इस बात की तस्दीक करता है कि बांग्लादेश में जनता भरी बैठी थी और अब उसके भीतर का गुस्सा निकल रहा है.
उसे लगता है कि जो सत्ता में बैठे हैं, वो निरंकुश होने के साथ ही जनता की गाढ़ी कमाई को लूट लेते हैं. इसीलिए जब तानाशाही से त्रस्त जनता को मौका मिलता है तो वो भी ईमान की बात भूल जाती है. पाकिस्तान अफगानिस्तान की तरह बांग्लादेश की हालत दिखती है. पीएम आवास में कुछ जवान जनता को रोकने की कोशिश करते हैं लेकिन कोशिश भी ना के बराबर.

§किसी भी सरकार द्वारा लिए गए फैसले अकसर देश के हालातों को बदत्तर कर देते हैं. इन दिनों कुछ ऐसा ही हाल बांग्लादेश का भी है. भयावय तस्वीरें, लूटपाट का माहौल, आगजनी, तोड़फोड़ करते उपद्रवियों ने देश को बर्बादी के अंजाम पर ला खड़ा कर दिया है. बढ़ती हिंसा को देखते हुए देश की प्रधानमंत्री शेख हसीना तो देश छोड़कर निकल गई. लेकिन बांग्लादेश के हालात जस के तस बने हुए हैं. तो क्या कुछ चल रहा है बांग्लादेश में क्यों प्रधानमंत्री को अपने ही फैसले के कारण छोड़ना पड़ा देश आइये जानते हैं इस रिपोर्ट में…..’

Bangladesh: At least eight people killed, 84 others injured after hotel owned by Awami League leader set on fire in Jessore

Read @ANI Story | https://t.co/vzsI0iX7MY#Bangladesh #Jessore #AwamiLeague pic.twitter.com/T0rByMetUa

— ANI Digital (@ani_digital) August 6, 2024
Previous Post

राहुल गांधी से मुलाकात करने आज पहुंचेगा संयुक्त किसान मोर्चा, पढ़ें पूरी खबर

Next Post

क्या भारत वापिस आएंगे बांग्लादेश में रह रहे 13 हजार छात्र? अलर्ट पर सरकार

Next Post
क्या भारत वापिस आएंगे बांग्लादेश में रह रहे 13 हजार छात्र? अलर्ट पर सरकार

क्या भारत वापिस आएंगे बांग्लादेश में रह रहे 13 हजार छात्र? अलर्ट पर सरकार

Fasalkranti

Fasal Kranti is a premier monthly agricultural magazine which publish in Hindi, Punjabi, Marathi and Gujarati languages, dedicated to Indian farmers. Fasal Kranti aims to be a premier monthly agricultural magazine in Hindi dedicated to Indian farmers of the 21st century. 

Category

  • कृषि समाचार
  • साक्षात्कार
  • सफ़लता की कहानी
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • खेल

Newsletter

Subscribe to our Newsletter. You choose the topics of your interest and we’ll send you handpicked news and latest updates based on your choice.

Contact us

  • E-Mail: info@fasalkranti.in
  • Phone: +91 9625941688
Copyrights © 2026. Fasal Kranti, Inc. All Rights Reserved. Maintained By Fasalkranti Team.

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In

Add New Playlist

No Result
View All Result
  • Home
  • कृषि समाचार
  • समाचार
  • ब्रेकिंग न्यूज़
  • सफ़लता की कहानी
  • साक्षात्कार
  • मनोरंजन
  • मौसम
  • खेल
  • अन्य

© 2026 Fasalkranti - News and Magazine by Fasalkranti news.