֍:तेल के भाव में आई गिरावट§ֆ:बाजार सूत्रों ने कहा कि अगले महीने सरसों की नई फसल मंडियों में आने की संभावना को देखते हुए सरसों तेल-तिलहन में गिरावट आई है। सरसों में इस बार कोई प्रतिकूल स्थिति का सामना नहीं करना पड़ा, क्योंकि हाफेड और नाफेड जैसी सहकारी संस्थाओं ने काफी नियंत्रित ढंग से सरसों के स्टॉक को बाजार में जारी किया।§मलेशिया एक्सचेंज में गिरावट के कारण देश के तेल-तिलहन बाजार में बुधवार को अधिकांश देशी तेल-तिलहन (सरसों तेल-तिलहन, मूंगफली तेल, सोयाबीन तेल, कच्चा पामतेल या सीपीओ एवं पामोलीन तथा बिनौला तेल) के दाम टूट गये और हानि दर्शाते बंद हुए। जबकि खलों के दाम में आये सुधार के बीच मूंगफली तिलहन तथा सोयाबीन तिलहन के दाम पूर्वस्तर पर बने रहे। मलेशिया एक्सचेंज में गिरावट थी, जबकि शिकागो एक्सचेंज में सुधार का रुख है।

