֍:हर दिन लाखों लोग कर रहे स्नान§ֆ:11 जनवरी की बात करें तो इस दिन 45 लाख लोगों ने स्नान किया, 12 जनवरी को 65 लाख लोगे ने स्नान किया. वहीं, महाकुंभ के पहले दिन पौष पूर्णिमा स्नान पर्व पर 1.70 करोड़ लोगों ने स्नान किया. इतना ही नहीं अगले दिन 5.20 करोड़ से ज्यादा लोगों ने स्नान किया. इसके अलावा 15 जनवरी को महाकुंभ के तीसरे दिन 40 लाख लोगों ने स्नान किया. गुरुवार को भी 30 लाख से ज्यादा लोगों ने संगम में पवित्र स्नान कर पुण्य फल की प्राप्ति की.§֍:आस्था के साथ अर्थव्यव्सथा को भी मिल रहा बढ़ावा§ֆ:महाकुंभ में लोगों को आस्था के साथ अर्थव्यव्सथा को बढ़ावा मिलता दिख रहा है. साथ ही धार्मिक पर्यटन स्थलों को बढ़ावा मिल रहा है. महाकुंभ आने वाले श्रद्धालु अयोध्या, वाराणसी, नैमिषारण्य, चित्रकूट, विंध्याचल व मथुरा भी जा रहे हैं. इससे टूर एंड ट्रेवेल्स, होटल व रेस्टोरेंट सेक्टर के साथ रेलवे व परिवहन निगम को लाभ हो रहा है. काशी विश्वनाथ में तीन दिन में पहुंचे 7.41 लाख से अधिक श्रद्धालुकाशी विश्वनाथ मंदिर में तीन दिन में 7.41 लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने दर्शन किया. यहां 13 जनवरी को 2.19 लाख, 14 जनवरी को 2.31 लाख और 15 जनवरी को 2.90 लाख से अधिक दर्शन करने पहुंचे.§महाकुंभ में भारी मात्रा में श्रद्धालु पहुंच रहे हैं. यहां संगम तट पर करोड़ों की संख्या में साधु-संत, द्धालु, कल्पवासी, स्नानार्थी और गृहस्थों का स्नान चल रहा है. 11-16 जनवरी के बीच मात्र छह दिनों में 7 करोजड लोगों ने पुण्य की डुबकी लगा ली है. अनुमान लगाया जा रहा है कि इस बार महकुंभ में 45 करोड़ से ज्यादा लोग पुण्य की डुबकी लगाने वाले हैं.

