केरल के कोच्चि स्थित नौसेना एयरबेस पर पिछले 10 दिनों से ब्रिटिश नेवी का अत्याधुनिक और खतरनाक F-35 फाइटर जेट रुका हुआ है, जिसने सुरक्षा एजेंसियों को भी अलर्ट मोड में डाल दिया है। एयरबेस पर इस जेट की मौजूदगी को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं, जबकि अब तक सरकार या रक्षा मंत्रालय की ओर से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है।
सूत्रों के मुताबिक, यह फाइटर जेट ब्रिटेन की रॉयल नेवी का हिस्सा है और एक संयुक्त सैन्य अभ्यास के सिलसिले में भारत आया था। तकनीकी कारणों से इसे एयरबेस पर अस्थायी रूप से रोका गया, लेकिन अब यह ठहराव कुछ ज्यादा ही लंबा होता दिख रहा है।
सुरक्षा चाक-चौबंद, CISF ने संभाला मोर्चा
F-35 जैसे हाई-टेक स्टील्थ फाइटर की मौजूदगी को देखते हुए एयरबेस की सुरक्षा को और कड़ा कर दिया गया है। CISF के विशेष दस्ते को जेट के आसपास सुरक्षा के लिए तैनात किया गया है। किसी भी बाहरी व्यक्ति को नजदीक जाने की अनुमति नहीं है।
क्या है F-35 की खासियत?
F-35 ‘लाइटनिंग II’ दुनिया के सबसे घातक और उन्नत फाइटर जेट्स में गिना जाता है। यह स्टील्थ तकनीक से लैस है, यानी यह रडार की पकड़ में नहीं आता। इसकी स्पीड और मारक क्षमता दुश्मन को पलभर में ध्वस्त करने में सक्षम है।
चुप्पी से बढ़ी सस्पेंस की परतें
इस पूरे घटनाक्रम पर इंडियन नेवी और ब्रिटिश दूतावास ने अब तक कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की है। इससे जेट की मौजूदगी को लेकर अटकलें और बढ़ गई हैं। क्या यह केवल तकनीकी कारण है, या फिर कुछ और? इस सवाल का जवाब अभी भी पर्दे के पीछे है।
स्थानीय लोगों की जिज्ञासा बढ़ी
कोच्चि के स्थानीय लोग भी इस रहस्यमयी फाइटर जेट को लेकर चर्चा में जुटे हैं। कई लोग एयरबेस के आसपास इस जहाज की झलक पाने की कोशिश में देखे गए। हालांकि, कड़ी सुरक्षा के चलते किसी को भी नजदीक आने नहीं दिया जा रहा।

