देश के डिजिटल भविष्य को ग्रामीण धरातल पर उतारने की दिशा में आज एक ऐतिहासिक पहल देखने को मिली जब इंडिया हैबिटैट सेंटर, लोदी रोड, नई दिल्ली में रूरल डॉट डिजिटल कॉन्फ्रेंस 2025 का भव्य आयोजन किया गया। रूरल मार्केटिंग एसोसिएशन ऑफ इंडिया (RMAI) द्वारा आयोजित इस वार्षिक सम्मेलन का प्रमुख विषय था – “Unlocking Rural Potential through Technology & Digital Innovation” यानी तकनीक और डिजिटल नवाचार के माध्यम से ग्रामीण भारत की संभावनाओं को साकार करना।
उद्घाटन सत्र: “Empowering Rural India Through Digital Transformation”
कॉन्फ्रेंस की शुरुआत उच्च स्तरीय उद्घाटन सत्र से हुई जिसमें देश के डिजिटल इकोसिस्टम से जुड़े वरिष्ठ विशेषज्ञों ने भाग लिया। प्रमुख वक्ताओं में शामिल रहे:
- अमिताभ नाग, सीईओ – BHASHINI (डिजिटल इंडिया डिवीजन) और निदेशक – डिजिटल इंडिया कॉर्पोरेशन
- नितिन नायर, सीनियर वाइस प्रेसिडेंट, ओपन नेटवर्क फॉर डिजिटल कॉमर्स (ONDC)
- ज्योति शर्मा, सीईओ, नैसकॉम फाउंडेशन
इन वक्ताओं ने ग्रामीण भारत के डिजिटलीकरण के रोडमैप पर प्रकाश डाला। उन्होंने बताया कि कैसे जन-जन तक डिजिटल सेवाओं की पहुंच, सरकारी और निजी क्षेत्रों के सहयोग से, भारत के विकास की गति को दोगुना कर सकती है।
कार्यक्रम की विशेषताएं:
इस दिन भर चले सम्मेलन में टेक्नोलॉजी, डेटा, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, मोबाइल इनोवेशन और सोशल इंपैक्ट जैसे विषयों पर पैनल चर्चाएं, टेक स्पॉटलाइट्स, लाइव डेमो और नेटवर्किंग सेशन आयोजित किए गए। इस कार्यक्रम में ग्रामीण तकनीक के उपयोग की व्यावहारिक झलक प्रस्तुत की।
डिजिटल डॉट रूरल अवॉर्ड्स 2025:
इस मौके पर बहुप्रतीक्षित “Digital Dot Rural Awards 2025” का आयोजन भी किया गया, जो उन संगठनों और संस्थाओं को सम्मानित करता है जिन्होंने डिजिटल तकनीक के माध्यम से ग्रामीण भारत में क्रांतिकारी बदलाव लाने का कार्य किया है।
पुरस्कार पाने वाले ब्रांड्स और एजेंसियों ने डिजिटल भुगतान, SHGs को तकनीकी प्लेटफार्म से जोड़ना, कृषिगत इनपुट डिलीवरी में AI का प्रयोग, और किराना दुकानों को डिजिटल रूप से प्रशिक्षित करने जैसे क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य किए हैं। इन पुरस्कारों के चयन के लिए अनुभवी पेशेवरों की एक प्रतिष्ठित जूरी गठित की गई, जिनमें शामिल थे:
- डॉ. अनुप कालरा, बिजनेस एडवाइज़र, ज़ेनेक्स एनिमल हेल्थ इंडिया
- बिस्वा चक्रवर्ती, प्रेसिडेंट, मेट्रिक्स रिसर्च एंड एनालिटिक्स
- प्रदीप लोखंडे, फाउंडर और सीईओ, रूरल रिलेशन
- संजय कौल, फाउंडर और सीईओ, LMCE
रूरल डॉट डिजिटल कॉन्फ्रेंस 2025 केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भारत के डिजिटल भविष्य की दिशा में उठाया गया एक ठोस कदम है। यह मंच न केवल नवाचार और संवाद को प्रोत्साहित करता है, बल्कि उद्योग, सरकार और सामाजिक संगठनों के बीच सहयोग की नई संभावनाएं भी खोलता है। इस सम्मेलन ने यह स्पष्ट कर दिया कि यदि तकनीक को सही दिशा में प्रयोग किया जाए, तो गांवों की गलियों से लेकर वैश्विक मंचों तक भारत की गूंज सुनाई दे सकती है।

