֍:हरियाणा सीएम को भेजी चिट्ठी§ֆ:जीएसटी परिषद द्वारा फोर्टिफाइड चावल पर कर दर 18 प्रतिशत से 5 प्रतिशत करने पर राज्य के चावल मिलर्स ने राहत और आभार जताया है. सरकार के इस निर्णय से मिलर्स की एक बड़ी समस्या का समाधान हो गया है. बता दें कि मिलर्स ने हाल ही में मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी, केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल खट्टर को चिट्ठी लिखकर मामले को उठाया था. §ֆ:करनाल राइस मिलर्स एंड डीलर्स एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि जीएसटी में इस छूट के लिए हम केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण, मनोहर लाल खट्टर और मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी के आभारी हैं. पहले 18 प्रतिशत की जीएसटी दर ने वित्तीय बाधाएं बढ़ा रखी थीं, क्योंकि मिलर्स को 5,000 रुपये प्रति क्विंटल और 18 प्रतिशत जीएसटी के साथ फोर्टिफाइड चावल (एफआरके) खरीदना पड़ता था. §֍:फोर्टिफाइड चावल में गिरावट का अनुमान§ֆ:हरियाणा के राइस मिलर्ड और डीलर्स एसोसिएशन ने इसे एक महत्वपूर्ण कदम बताया है. एसोसिएशन की ओर से कहा गया कि सरकार के फैसले से मिलर्स पर वित्तीय बोझ घटेगा, जिसका असर इस चावल की कीमत पर गिरावट के रूप में देखने को मिल सकता है. §दुनियाभर में चावल खाने के शौकीन हैं, लेकिन अच्छे किस्म के चावल का सस्ते में मिलना काफी मुश्किल है. ऐसे में भारत सरकार ने फोर्टिफाइड चावल पर लगने वाले टैक्स का 18 प्रतिशत तक घटाकर 5 फीसदी करने का फैसला लिया है. बता दें कि लंबे समय से मिलर्स भी जीएसटी में कटौती को लेकर मांग कर रहे थे. अब सरकार की ओर से मिलर्स और कंज्यूमर को खुशी की खबर मिलने वाली है.

