֍:डेटा से मिलेगी योजनाओं में मदद§ֆ:प्रमुख कृषि सचिव रविन्द्र कुमार ने कहा कि राजस्व विभाग के पहले के सर्वे से प्राप्त आंकड़े फसल क्षेत्रों का अनुमान लगाने के लिए बहुत ही महत्वपूर्ण हैं. ये आंकड़े बहुत सी सरकारी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करने के लिए भी बहुत जरूरी हैं. विभाग ने जिला अधिकारियों को सर्वे की फ्रीक्वेंसी बढ़ाने और यह सुनिश्चित करने का निर्देश दिया है कि ये प्रयोग सही तरीके से किए जाएं. साथ ही सटीक डेटा संग्रह और इसका विश्लेषण किया जाए. §֍:एक्सपोर्ट के लिए योजना तैयार§ֆ:उत्तर प्रदेश सरकार की ओर से राज्य में कृषि निर्यात को बढ़ावा देने के लिए सरकार एक्सपोर्ट ओरिएंटेड कृषि और बागवानी कललस्टर बनाने की योजना पर काम कर रही है. इसमें अगले तीन से चार वर्षों में 50 हजार करोड़ रुपये के कृषि निर्यात करने का टार्गेट सेट किया है. §भारत में किसानों को हर हाल सरकार की ओर से दी गई योजना पर निर्भर रहना होता है, क्योंकि हर साल फसल अच्छी नहीं हो पाती. इसको लेकर अब उत्तर प्रदेश में फसलों का ई-सर्वे होने जा रहा है. इसके लिए कृषि विभाग ने अधिकारियों को निर्देश दिए है. इस सर्वे के माध्यम के कृषि विभाग प्रदेश में खरीफ, रबी, और जायद फसलों का रकबा और उत्पादन का सटीक अनुमान लगा पाएगा. इससे सरकार को अपनी योजनाओं को धरातल पर लागू करने में भी मदद मिलेगी.

