ֆ:
दरअसल, रोहित का अपनी चीजों को होटल में भूलना सोशल मीडिया पर एक चर्चित विषय है। हाल ही में विराट कोहली ने ‘ब्रेकफास्ट विद चैंपियंस’ पॉडकास्ट में इसका खुलासा भी किया था। राठौड़ ने भी इसी बात से सहमति जताई कि रोहित नाम, आईपैड, फोन और पासपोर्ट भूल सकते हैं, लेकिन भारत का प्रतिनिधित्व करते हुए किसी भी मैच में अपना गेमप्लान नहीं भूले
उन्होंने कहा, ‘वह भूल सकते हैं कि उन्होंने टॉस पर बल्लेबाजी या गेंदबाजी करने का फैसला किया है या टीम बस में अपना फोन और आईपैड भूल गए हों, लेकिन वह अपना गेमप्लान कभी नहीं भूलते। वह इसमें बहुत अच्छे हैं और बहुत चतुर रणनीतिज्ञ हैं। उनकी पहली खूबी यह है कि बल्लेबाज के तौर पर वह शानदार खिलाड़ी हैं। मुझे लगता है कि वह ऐसा खिलाड़ी है जो अपने खेल को अच्छी तरह समझते हैं। उनके पास हमेशा एक स्पष्ट गेम प्लान होता है।’
राठौड़ ने रोहित के रणनीतिक कौशल के बारे में बात की और कहा कि खिलाड़ी ने बल्लेबाजों और गेंदबाजों दोनों के साथ मीटिंग करने में बहुत समय बिताया। इस दौरान यह पता लगाने की कोशिश की कि वे मैच को किस प्रकार खेलना चाहते हैं। पूर्व बल्लेबाजी कोच ने यहां तक दावा किया कि उन्होंने रोहित से पहले कभी भारत का ऐसा कप्तान नहीं देखा था जो टीम के लिए रणनीति बनाने में इतना अधिक समर्पित था।
राठौड़ ने कहा- वह खिलाड़ियों के लिए सही मायने में कप्तान हैं। उन्होंने खिलाड़ियों के साथ भारी निवेश किया है। मैंने ऐसा कप्तान नहीं देखा जो टीम बैठकों और रणनीतियों में इतना समर्पित हो। वह टीम की रणनीति पर काफी समय बिताते हैं। वह गेंदबाजों और बल्लेबाजों की मीटिंग का हिस्सा रहते हैं। वह गेंदबाजों और बल्लेबाजों के साथ बैठकर समझना चाहते हैं कि वे क्या सोच रहे हैं। वह खिलाड़ियों के साथ काफी समय बिताते हैं।
पूर्व कोच ने टी20 विश्व कप फाइनल का उदाहरण दिया जो रोहित का टी20 प्रारूप में आखिरी मैच था। राठौड़ ने कहा कि मैच में जसप्रीत बुमराह के ओवरों को जल्दी खत्म करने के रोहित के फैसले से कई लोग हैरान थे, लेकिन उस कदम ने भारत को विश्व कप में जीत दिलाई थी। बाद मे हार्दिक पांड्या और अर्शदीप सिंह ने मिलकर भारत को टी20 विश्व कप 2024 जिताया था।
उन्होंने कहा, ‘वह रणनीतिक रूप से कप्तान के रूप में बहुत अच्छा है। टी20 वर्ल्ड कप फाइनल में उन्होंने बुमराह का ओवर जल्दी खत्म किया था। काफी लोगों ने उस फैसले पर सवाल उठाए होंगे, लेकिन उस फैसले ने हमें ऐसी स्थिति में पहुंचा दिया जहां आखिरी ओवर में 16 रन चाहिए थे। मैदान पर उनके रणनीतिक फैसले सटीक हैं। बाहर बैठना एक कोच के रूप में भी आपको चौंका देता है। हम बाहर से कभी-कभी सोचते हैं कि वह क्या कर रहे हैं, लेकिन फिर आपको अहसास होता है कि उन्होंने थोड़ी देर बाद क्या कर दिखाया है।
§भारत के पूर्व बल्लेबाजी कोच विक्रम राठौड़ ने रोहित शर्मा की तारीफ करते हुए उन्हें एक चतुर कप्तान बताया है। तरुवर कोहली के साथ एक पॉडकास्ट पर बोलते हुए राठौड़ ने खुलासा किया है कि रोहित को अपने निजी सामान को भूलने के लिए जाने जाते हैं, लेकिन वह कभी भी गेमप्लान नहीं भूलते हैं।

