֍:शोधकर्ता ने दी जानकारी §ֆ:शोधकर्ता अक्षय जंगम ने कहा, “इस प्रजाति का नाम महान मराठा योद्धा छत्रपति शिवाजी महाराज के सम्मान में रखा गया है, जिन्हें छत्रपति शिवराय के नाम से भी जाना जाता है. इस पौधे की खोज उनके ही एक प्रसिद्ध किले में हुई है, जो इस क्षेत्र की समृद्ध जैव विविधता और ऐतिहासिक महत्व को और उजागर करता है. यह खोज न केवल भारत की वनस्पति विरासत में इजाफा करती है बल्कि छत्रपति शिवाजी महाराज की स्थायी विरासत को भी श्रद्धांजलि देती है.” §महाराष्ट्र के कोलहापुर जिले में मौजूद विशालगढ़ किले के पास एक नए फूल की प्रजाति की खोज की गई है. इस प्रजाति के फूल को छत्रपति शिवाजी महाराज का नाम दिया गया है. उनके सम्मान में इसका नाम ‘सेरोपेगिया शिवरायना’ रखा गया है. इसको लेकर मंगलवार को न्यूजीलैंड में एक शोधपत्र प्रकाशित हुआ. जिसमें विशालगढ़ किले की जैव विविधता और पारिस्थितिक महत्व पर भी प्रकाश डाला. कोल्हापुर के न्यू कॉलेज के वनस्पति विज्ञान विभाग के अक्षय जंगम, रतन मोरे और डॉ. नीलेश पवार, नासिक के चांदवाड़ के डॉ. शरद कांबले और शिवाजी विश्वविद्यालय, कोल्हापुर के प्रोफेसर डॉ. एसआर यादव ने इस नई प्रजाति की खोज की. अक्षय जंगम और डॉ. नीलेश पवार पिछले छह वर्षों से कोल्हापुर जिले में किले की वनस्पतियों का अध्ययन कर रहे हैं. भारत में सेरोपेगिया प्रजाति के विशेषज्ञ डॉ. कांबले ने कहा कि इस बात की संभावना है कि यह फूल वाला पौधा एक नई प्रजाति है.

