֍:शरण के लिए यूएई और सऊदी से चर्चा§ֆ:वहीं, शेख हसीना को भारत में पहुंचने के बाद यूनाइटेड किंगडम ने भी शरण देने से इनकार कर दिया. अब खबर है कि अमेरिका, ब्रिटेन, फिनलैंड और भारत के अलावा यूएई और सऊदी अरब जैसे अन्य देशों के साथ विकल्पों पर चर्चा कर रही हैं.
§֍:इस्तीफा नहीं देना चाहती थीं शेख हसीना§ֆ:प्रोथोम अलो अखबार की रिपोर्ट के अनुसार, शेख हसीना बांग्लादेश की प्रधानमंत्री के पद से इस्तीफा नहीं देना चाहती थीं और चाहती थीं कि सुरक्षा बल देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों पर कार्रवाई तेज करें, लेकिन सुरक्षा प्रमुखों ने कहा कि विरोध प्रदर्शनों को बलपूर्वक नहीं रोका जा सकता. अंतिम क्षण में वे सैन्य विमान से भाग निकलीं, उसके तुरंत बाद सैकड़ों प्रदर्शनकारियों ने वहां धावा बोल दिया और उत्पात मचाना शुरू कर दिया.
बता दें पिछले महीने से बांग्लादेश में हिंसक प्रदर्शन चल रहे थे. आरक्षण के मुद्दे ने पूरे देश को जला दिया. बवाल इतना बढ़ा कि हिंसा में 500 से ज्यादा लोगों की जान चली गई. चारों तरफ से घिरता देख सरकार को भी झुकना पड़ा और शेख हसीना को देश छोड़कर भागना पड़ा.
§Bangladesh Crisis: बांग्लादेश में अंतरिम सरकार चलाने के लिए मंगलवार रात मुख्य सलाहकार के पद पर नोबेल पुरस्कार विजेता मुहम्मद यूनुस को नियुक्त किया गया. राष्ट्रपति मोहम्मद शहाबुद्दीन ने छात्र आंदोलन के 13 सदस्यों से बातचीत के बाद यह फैसला लिया और यूनुस की नियुक्ति की घोषणा की. इस मीटिंग में तीनों सेनाओं के प्रमुख भी शामिल थे. इससे पहले ही राष्ट्रपति ने देश की संसद को भंग कर दिया, क्योंकि आंदोलनकारियों ने चेतावनी दी थी कि अगर संसद भंग नहीं की तो हंगामा किया जाएगा. अब संसद भंग होने के बाद नए आम चुनाव के लिए रास्ता साफ हो गया है. नवनियुक्त चीफ यूनुस ने हसीना सरकार को हटाने का स्वागत किया है. उन्होंने कहा, यह बांग्लादेश के लिए दूसरी आजादी की तरह है.

