֍:जल लेने जा रहे थे, रास्ते में हुआ हादसा§ֆ:घटना को लेकर बताया जा रहा है कि मृतकों की उम्र काफी कम थी. जो कि डीजे ट्रॉली द्वारा पहलेजा घाट जा रहे थे. वहां से जल भरने के बाद वे गांव के शिव मंदिर में जलाभिषेक करने वाले थे. उससे पहले ये हादसा हो गया. बता दें कि हाई टेंशन लाइन में करीब 11 हजार वोल्ट का करंट आ रहा था. ट्रॉली से तार सट जाने के बाद ट्रॉली में करंट लगा और आग भी लग गई. इसी दौरान मौके पर ही सभी सवार लोग जिंदा जल गए. §֍:घंटों चली गर्मा-गर्मी§ֆ:हादसे के बाद घटनास्थल पर अफरा-तफरी मच गई. जिसके बाद राहगीरों द्वारा मृतकों के परिवार को संपर्क कर उन्हें घटन की सूचना दी गई. बताया गया कि मरने वालों में चार सुल्तानपुर गांव के जबकि बाकी पांच नगर थाना क्षेत्र के जढूआ बढई टोला के रहने वाले थे. हादसे के बाद मौके पर एसडीएम, एसडीपीओ के साथ भारी पुलिस टीम पहुंची, जिसके बाद काफी देर तक गर्मा गर्मी का माहौल बना रहा. बाद में लोगों को समझा कर शव को पोस्टमार्टम के लिए सदर अस्पताल लाया गया. स्थानीय लोगों का आरोप था कि फोन करने के बाद भी बिजली विभाग के कर्मियों ने तुरंत लाइट नहीं काटी, जिसके कारण लोगों को बचाया नहीं जा सका. अगर तुरंत लाइट काट दी गई होती तो कई लोगों की जान बचाई जा सकती थी. §֍:सीएम ने जताई संवेदना§ֆ:बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने इस घटना पर संवेदना जताते हुए कहा कि मृतकों के परिजनों को दुःख की इस घड़ी में धैर्य धारण करने के शक्ति प्रदान करने की ईश्वर से प्रार्थना है. इसी के साथ मुख्यमंत्री ने नॉर्थ बिहार पॉवर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी लिमिटेड को निर्देश दिए कि वे मृतकों के परिजनों को चार-चार लाख रुपये का अनुग्रह अनुदान भुगतान करें.§सावन पर्व के चलते रास्तों पर कांवड़िए डीजे के साथ भक्ती में झूमते नजर आ जाते हैं. इसी के चलते भक्ती में लीन कुछ कांवड़ियों के साथ बिहार के वैशाली जिले में घटना घटित हो गई. बता दें कि बिहार के वैशाली जिले में रविवार को कांवड़िए रास्ते से कांवड़ यात्रा लेकर निकल रहे थे. इस दौरान कांवड़ यात्रा में शामिल डीजे ट्रॉली में करेंट लगने से 9 लोगों को मौत हो गई. लोगों का कहना है कि भोले बाबा के भजनों पर झूमते हुए कांड़िए रास्ते से जा रहे थे. इसी दौरान डीजे ट्रॉली हाई टेंशन लाइन से छू गई, जिससे पूरी ट्रॉली में करंट आ गया और 9 लोगों की मृत्यु हो गई.ये घटना वैशाली में स्थित हाजीपुर के थाना क्षेत्र सुल्तानपुर की घटना है.

