ֆ:मुख्यमंत्री मोहन यादव ने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, “प्रदेश सरकार के लिए किसान हित सर्वोपरि है। प्रदेश के किसान भाइयों की मांग को ध्यान में रखते हुए तिथि में संशोधन किया है। ग्रीष्मकालीन मूंग के लिए उपार्जन की तिथि 31 जुलाई तक निर्धारित थी, लेकिन किसानों के हित में निर्णय लिया है कि अब उपार्जन संबंधी समस्त जिलों में एक दिनकिसानों को स्लाट बुकिंग करने के लिए दिया जा रहा है, जिससे 5 अगस्त तक मूंग का विक्रय किया जा सकेगा। संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया है कि समय सीमा को ध्यान में रखते हुए यह भी ध्यान देना है कि वर्षाकाल होने से किसानों को कोई असुविधा न हो।”
दरअसल प्रदेश में मूंग खरीद की प्रक्रिया पर शुरू से ही प्रश्नचिन्ह लग रहे थे। पहले प्रति हेक्टेयर 8 क्विंटल की सीमा तय थी, जिसे बाद में बढ़ाकर 12 क्विंटल किया गया। इसी प्रकार, प्रति दिन अधिकतम 25 क्विंटल मूंग बेचने की सीमा को बढ़ाकर 40 क्विंटल कर दी गई है। इस दौरान, सॉफ्टवेयर में आई गड़बड़ी के कारण किसानों को स्लॉट बुकिंग में भी मुश्किलें आईं। वहीं, समय से पहले खरीद बंद होने की वजह से नाराज किसान सड़कों पर उतर आए थे। किसानों ने विरोध-प्रदर्शन कर सरकार को आंदोलन की चेतावनी दी थी। इसी को मद्देनजर रखते हुए सरकार ने मूंग खरीद की समय सीमा को बढ़ाया है।
§मध्य प्रदेश के मूंग किसानों के लिए खुशखबरी है। मध्य प्रदेश में मूंग खरीद की तारीख बढ़ा दी गई है। प्रदेश में मूंग की खरीद 5 अगस्त, 2024 तक जारी रहेगी। समय से पहले मूंग खरीद बंद होने से गुस्साए किसानों की मांगों पर गौर करते हुए सरकार ने खरीद की तारीख बढ़ा दी है। अब किसान 5 अगस्त तक अपनी उपज को बेच पाएंगे। किसानों को एक दिन स्लाट बुकिंग के लिए दिया गया है। कल स्लाट बुकिंग होगी और अगले चार दिन किसानों से खरीद की जाएगी। प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने बुधवार को अपने सोशल मीडिया इस बात का ऐलान किया।

