केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण और ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पटना में आयोजित किसान संवाद कार्यक्रम में देशवासियों से स्वदेशी वस्तुओं को अपनाने का आह्वान करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व की सराहना की। उन्होंने कहा कि भारत अब ‘राष्ट्र प्रथम, राष्ट्र सर्वोपरि’ की भावना के साथ अपने किसानों और अर्थव्यवस्था की रक्षा के लिए हर आवश्यक कदम उठाएगा।
कार्यक्रम के दौरान शिवराज सिंह चौहान ने उपस्थित किसान भाई-बहनों को संकल्प दिलाया कि वे अपने घरों में प्रयोग होने वाली वस्तुओं में केवल उन्हीं उत्पादों का उपयोग करेंगे जो देश में बने हों या उनके आसपास के क्षेत्रों में निर्मित किए गए हों। उन्होंने कहा, “हमारे अपने लोग जो बना रहे हैं, हम वही खरीदेंगे – अपने ही मखाने, अपने ही खिलौने, अपने ही वस्त्र। जब हम खुद की बनी चीज़ों का उपयोग करेंगे, तो हमारे देश में रोज़गार बढ़ेगा, हर घर में रोटी पहुंचेगी और कोई भूखा नहीं सोएगा।”
कार्यक्रम में बहनों ने भी संकल्प लिया कि वे रक्षाबंधन जैसे पावन पर्व पर अपने भाइयों की कलाई पर देश में बनी राखियाँ ही बाँधेंगी। इस भावपूर्ण क्षण पर मंत्री जी ने सभी बहनों को रक्षाबंधन की अग्रिम शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह संकल्प देश के आत्मनिर्भरता अभियान को और अधिक सशक्त बनाएगा।
कृषि मंत्री ने भारत की बढ़ती आर्थिक शक्ति पर भी प्रकाश डालते हुए कहा, “आज भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है और बहुत जल्द तीसरे स्थान पर पहुंचने वाला है। भारतीय अर्थव्यवस्था अब अश्वमेघ का घोड़ा बन चुकी है, जिसे दुनिया की कोई ताक़त रोक नहीं सकती।”
अंतरराष्ट्रीय व्यापार पर टिप्पणी करते हुए शिवराज सिंह ने अमेरिका जैसे देशों की भारत में कृषि उत्पादों के लिए बाजार खोलने की कोशिशों का उल्लेख किया और स्पष्ट किया कि भारत सरकार ने अपने किसानों के हितों की सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। उन्होंने कहा, “अमेरिका के किसानों के पास हज़ारों हेक्टेयर की ज़मीन है, जबकि हमारे किसानों के पास एक हेक्टेयर से भी कम भूमि होती है। यह मुकाबला बराबरी का नहीं हो सकता। ऐसे में प्रधानमंत्री मोदी जी ने साफ संदेश दिया है — चाहे कुछ भी हो जाए, किसानों के हितों की पूरी तरह से रक्षा की जाएगी।”
कृषि मंत्री ने अंत में कहा कि यदि भारत की 144 करोड़ आबादी सिर्फ देश में बने उत्पादों का ही उपयोग करना शुरू कर दे, तो यह देश की अर्थव्यवस्था को अभूतपूर्व गति देगा। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को धन्यवाद देते हुए कहा कि उनके नेतृत्व में भारत आत्मनिर्भरता की ओर तेज़ी से आगे बढ़ रहा है और हर क्षेत्र में ‘वोकल फॉर लोकल’ की भावना को अपनाया जा रहा है।

