֍:क्या है नया रेपो रेट?
§ֆ:RBI का रेपो रेट अब 6.50% से घटकर 6.00% हो गया है। रेपो रेट वह ब्याज दर है, जिस पर RBI वाणिज्यिक बैंकों को कर्ज देता है। इसके कम होने से बैंकों की उधारी लागत घटती है, जिसका सीधा फायदा ग्राहकों को मिलता है।
§֍:EMI पर क्या असर पड़ेगा?
§ֆ:होम लोन, कार लोन और पर्सनल लोन की EMI में कमी आने की संभावना है।
अगर बैंक पूरी तरह से रेपो रेट कटौती का लाभ ग्राहकों को देते हैं, तो ₹30 लाख के होम लोन पर महीने की किश्त (EMI) में ₹1,000-1,500 तक की कमी आ सकती है।
पहले से चल रहे लोन (फ्लोटिंग रेट वाले) पर भी असर होगा, लेकिन यह बैंकों पर निर्भर करेगा कि वे कितनी ब्याज दर कम करते हैं।
§֍:क्यों की गई कटौती?
§ֆ:RBI गवर्नर शक्तिकांत दास ने बताया कि मुद्रास्फीति (Inflation) नियंत्रण में है और आर्थिक विकास को बढ़ावा देने के लिए यह कदम उठाया गया है। पिछले कुछ महीनों में खुदरा मुद्रास्फीति (CPI) RBI के लक्ष्य (2-6%) के दायरे में बनी हुई है, जिससे रेट कटौती का रास्ता साफ हुआ।
§֍:बैंक कब तक करेंगे दरों में बदलाव?
§ֆ:ज्यादातर बैंक अगले कुछ हफ्तों में नई ब्याज दरों की घोषणा करेंगे। SBI, HDFC, ICICI जैसे प्रमुख बैंकों से जल्द ही नई रेट लिस्ट आने की उम्मीद है।
§֍:निवेशकों और बचत खातों पर असर
§ֆ:FD रेट कम हो सकते हैं, इसलिए जो लोग FD में निवेश करते हैं, उन्हें जल्दी फैसला लेना चाहिए।
साविंग्स अकाउंट पर ब्याज दर भी प्रभावित हो सकती है।
§भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) ने आज मौद्रिक नीति समीक्षा बैठक में रेपो रेट में 50 बेसिस पॉइंट (0.50%) की कटौती की घोषणा की। यह लगातार तीसरी बार है जब आरबीआई ने रेपो रेट में कमी की है, जिससे बैंकिंग लोन और होम लोन की EMI सस्ती होने की उम्मीद है।

