֍:संतुलित पोषण प्रबंधन और रोग नियंत्रण पर हुई चर्चा §ֆ:कार्यक्रम में विशेषज्ञों ने बताया कि खरीफ फसलों में विशेष रूप सेधानकी बेहतर उपज और गुणवत्ता के लिएसंतुलित पोषक तत्वों का प्रयोग अत्यंत आवश्यकहै। पोटाश, कैल्शियम और सल्फर जैसे पोषक तत्वों की कमी से पौधों की वृद्धि प्रभावित होती है और दाने हल्के, कम चमकदार व कम उत्पादन वाले होते हैं।§֍:विशेषज्ञों ने बताया कि इन तत्वों की कमी की पहचान खेत स्तर पर की जा सकती है:§ֆ:• पोटाश की कमी:पत्तियों के किनारों का जलना, पौधों की कमजोरी
• कैल्शियम की कमी:नई पत्तियों का मुरझाना, जड़ों का कम विकास
• सल्फर की कमी:पत्तियों का पीला पड़ना, धीमी वृद्धि
§֍:खैरा रोग की पहचान और नियंत्रण§ֆ:कार्यक्रम में खरीफ फसलों में आम तौर पर देखे जाने वाले रोग‘खैरा रोग’पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। यह रोग जिंक की कमी से उत्पन्न होता है, जिससे धान की पत्तियाँ पीली पड़ने लगती हैं और पौधों की वृद्धि रुक जाती है।
इस समस्या से निपटने के लिए विशेषज्ञों ने‘अभिमन्यु मोनो जिंक 33%’उर्वरक का प्रयोग सुझाया, जिसे5 किग्रा प्रति एकड़ की दर से टॉप ड्रेसिंगके रूप में डालने से पौधों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और फसल को नुकसान से बचाया जा सकता है।
§֍:प्रमुख धान की किस्में और उनके लाभ§ֆ:बीज वैज्ञानिकों नेअभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुपद्वारा विकसित की गई उच्च गुणवत्ता की धान की किस्मों के बारे में जानकारी दी, जिनमें शामिल हैं:
• अभिमन्युसम्पन्ना:उच्च उपज, रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक
• अभिमन्युशारदा:मध्यम अवधि, अच्छी गुणवत्ता के चमकदार दाने
• अभिमन्युकन्हैया:मजबूत तना, गिरने की संभावना कम
• अभिमन्युजानकी-135:कम पानी की जरूरत,अच्छीगुणवत्ताकेचमकदारदाने
इन किस्मों की विशेषताओं ने उपस्थित विक्रेताओं को किसानों की विविध आवश्यकताओं के अनुसार बीज चयन में मदद करने के लिए सक्षम बनाया।
§֍:पुरस्कार और उत्साहवर्धन§ֆ:कार्यक्रम के अंत में एकलकी ड्रा प्रतियोगिताका आयोजन किया गया, जिसमें चयनित विक्रेताओं को पुरस्कार प्रदान किए गए। इससे कार्यक्रम में भाग लेने वाले विक्रेताओं में उत्साह और सहभागिता की भावना प्रबल रही।§֍:अभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुप की प्रतिबद्धता§ֆ:अभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुप किसानों और कृषि क्षेत्र से जुड़े विक्रेताओं को वैज्ञानिक, व्यवहारिक और नवाचार आधारित कृषि तकनीकों से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से कंपनी यह सुनिश्चित कर रही है कि फसल उत्पादन केवल मात्रा में नहीं, गुणवत्ता में भी समृद्ध हो।§बहराइच: खरीफ सीजन की तैयारियों को ध्यान में रखते हुएअभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुपद्वारा जनपद बहराइच में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजनहोटल बिलिसमें किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों—कैसरगंज, पयागपुर, जरवल, रिसिया, फखरपुर, मिहीपुरवा, नानपारासमेत अन्य ब्लॉकों से लगभग80 खाद-बीज विक्रेताओंने भाग लिया।
प्रशिक्षण का उद्देश्य विक्रेताओं को खरीफ की प्रमुख फसलधानमें उन्नत पोषक तत्व प्रबंधन तकनीकों से अवगत कराना था, ताकि वे किसानों को सही सलाह दे सकें और क्षेत्रीय कृषि उत्पादकता में वृद्धि हो सके।
• कैल्शियम की कमी:नई पत्तियों का मुरझाना, जड़ों का कम विकास
• सल्फर की कमी:पत्तियों का पीला पड़ना, धीमी वृद्धि
§֍:खैरा रोग की पहचान और नियंत्रण§ֆ:कार्यक्रम में खरीफ फसलों में आम तौर पर देखे जाने वाले रोग‘खैरा रोग’पर विशेष सत्र आयोजित किया गया। यह रोग जिंक की कमी से उत्पन्न होता है, जिससे धान की पत्तियाँ पीली पड़ने लगती हैं और पौधों की वृद्धि रुक जाती है।
इस समस्या से निपटने के लिए विशेषज्ञों ने‘अभिमन्यु मोनो जिंक 33%’उर्वरक का प्रयोग सुझाया, जिसे5 किग्रा प्रति एकड़ की दर से टॉप ड्रेसिंगके रूप में डालने से पौधों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और फसल को नुकसान से बचाया जा सकता है।
§֍:प्रमुख धान की किस्में और उनके लाभ§ֆ:बीज वैज्ञानिकों नेअभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुपद्वारा विकसित की गई उच्च गुणवत्ता की धान की किस्मों के बारे में जानकारी दी, जिनमें शामिल हैं:
• अभिमन्युसम्पन्ना:उच्च उपज, रोग प्रतिरोधक क्षमता अधिक
• अभिमन्युशारदा:मध्यम अवधि, अच्छी गुणवत्ता के चमकदार दाने
• अभिमन्युकन्हैया:मजबूत तना, गिरने की संभावना कम
• अभिमन्युजानकी-135:कम पानी की जरूरत,अच्छीगुणवत्ताकेचमकदारदाने
इन किस्मों की विशेषताओं ने उपस्थित विक्रेताओं को किसानों की विविध आवश्यकताओं के अनुसार बीज चयन में मदद करने के लिए सक्षम बनाया।
§֍:पुरस्कार और उत्साहवर्धन§ֆ:कार्यक्रम के अंत में एकलकी ड्रा प्रतियोगिताका आयोजन किया गया, जिसमें चयनित विक्रेताओं को पुरस्कार प्रदान किए गए। इससे कार्यक्रम में भाग लेने वाले विक्रेताओं में उत्साह और सहभागिता की भावना प्रबल रही।§֍:अभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुप की प्रतिबद्धता§ֆ:अभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुप किसानों और कृषि क्षेत्र से जुड़े विक्रेताओं को वैज्ञानिक, व्यवहारिक और नवाचार आधारित कृषि तकनीकों से जोड़ने के लिए प्रतिबद्ध है। इस प्रकार के प्रशिक्षण कार्यक्रमों के माध्यम से कंपनी यह सुनिश्चित कर रही है कि फसल उत्पादन केवल मात्रा में नहीं, गुणवत्ता में भी समृद्ध हो।§बहराइच: खरीफ सीजन की तैयारियों को ध्यान में रखते हुएअभिमन्यु एग्री बिज़नेस ग्रुपद्वारा जनपद बहराइच में एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजनहोटल बिलिसमें किया गया। इस कार्यक्रम में जिले के विभिन्न क्षेत्रों—कैसरगंज, पयागपुर, जरवल, रिसिया, फखरपुर, मिहीपुरवा, नानपारासमेत अन्य ब्लॉकों से लगभग80 खाद-बीज विक्रेताओंने भाग लिया।
प्रशिक्षण का उद्देश्य विक्रेताओं को खरीफ की प्रमुख फसलधानमें उन्नत पोषक तत्व प्रबंधन तकनीकों से अवगत कराना था, ताकि वे किसानों को सही सलाह दे सकें और क्षेत्रीय कृषि उत्पादकता में वृद्धि हो सके।
Abhimanyu Agri Business organized fertilizer-seed seller training program based on Kharif crops pic.twitter.com/DIRu4o9MsG
— FASAL KRANTI (@Fasal_Kranti) May 17, 2025

