֍:योगी सरकार का बड़ा फैसला §ֆ:योगी सरकार की कैबिनेट बैठक के बाद शनिवार को महाकुम्भ 2025 में पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग की अहम बैठक हुई. बैठक में गो-संरक्षण को समग्र बनाने के उद्देश्य से प्रदेश सरकार की ओर से विस्तृत रणनीति बनाई गई. प्रदेश के सभी गो-आश्रय स्थलों के आर्थिक स्वावलंबन के लिए कृषि विभाग के सहयोग से वर्मी कम्पोस्ट यूनिट स्थापित की जाएगी. कृषि विभाग वर्मीकम्पोस्ट उत्पादन के लिए केंचुए की आपूर्ति और खाद की लाइसेन्सिग, मानकीकरण के साथ ही मार्केटिंग की व्यवस्था कराएगा.§֍:किसानों और गाय पालकों को ट्रेनिंग मिलेगी §ֆ:प्रदेश के सभी जनपदों में गोबर, गोमूत्र से विभिन्न उत्पाद तैयार किये जाने के लिए तकनीक का विकास और पशुपालकों, गो-आश्रय स्थल संचालकों को प्रशिक्षण की घोषणा की गई. गाय और गो पालन को स्कूल पाठ्यक्रम में शामिल किये जाने पर भी प्रदेश सरकार विचार कर रही है, जिससे बच्चों को गाय व गाय के दूध के महत्व के बारे में बताया जा सके. गो-आश्रय स्थल संचालकों, चारा उत्पादक कृषकों को चारागाह भूमि पर उत्पादित हरे चारे से साइलेज निर्माण तकनीक की ट्रेनिंग दी जाएगी. भारतीय चारा अनुसंधान संस्थान झांसी के समन्वय से विभिन्न प्रकार के हरे चारे की किस्मों, नेपियर, एजोला के उत्पादन तकनीक के संबंध में किसानों और गो-आश्रय स्थल संचालकों को ट्रेनिंग दी जाएगी. §֍:गोवंश के लिए चारा खर्च बढ़ाकर 50 रुपये किया§ֆ:प्रदेश सरकार की ओर से गो-संरक्षण को प्राथमिकता देते हुए 7,713 गो आश्रय स्थलों में 12,43,623 निराश्रित गोवंशों को आश्रय प्रदान किया गया है. इनके भरण-पोषण के लिए दी जाने वाली धनराशि को 30 रुपये प्रतिदिन प्रति गोवंश से बढ़ाकर 50 रुपये प्रतिदिन कर दिया गया है. वहीं, मुख्यमंत्री सहभागिता योजना के तहत 1,05,139 लाभार्थियों को 1,62,625 निराश्रित गोवंश सुपुर्द किए गए हैं, जिसके तहत प्रत्येक लाभार्थी को प्रति माह 1,500 रुपये की आर्थिक सहायता दी जा रही है. विशेष अभियान चलाकर कुपोषित परिवारों को 1511 निराश्रित गोवंशों की सुपुर्दगी की गई. प्रदेश में वृहद गो संरक्षण केन्द्रों की इकाई निर्माण लागत 120 लाख रुपये से बढ़ाकर धनराशि 160.12 लाख रुपये करते हुये 543 बड़े गो-संरक्षण केंद्रों के निर्माण की स्वीकृति प्रदान की गई. इसके साथ ही 372 केंद्रों को चालू कर दिया है. राजमार्गों के किनारे पशुपालकों के पशुओं में रेडियम बेल्ट और गो-आश्रय स्थलों में सीसीटीव लगाए जा रहे हैं. §उत्तर प्रदेश सरकार अन्ना गायों के संरक्षण के लिए 543 नए बड़े गोृ-संरक्षण केंद्र बनाने की घोषणा की है. इसके साथ ही गायों के चारे के लिए दी जाने वाली हर दिन राशि को बढ़ाकर 50 रुपये कर दिया गया है. यूपी पशुधन एवं दुग्ध विकास विभाग की बैठक में कृत्रिम गर्भाधान के लिए सीमेन डोज की कीमत 700 रुपये से घटाकर 100 रुपये करने का फैसला लिया गया है. इसके साथ ही पशु स्वास्थ्य सेवा में सुधार के तहत 520 मोबाइल वेटरनरी यूनिट से घर-घर उपचार पहुंचेगा.

